(कृषि और सहकारिता विभाग, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन शत–प्रतिशत सहायता अनुदान प्राप्त संस्थान)
गणेश खिंड मार्ग, पुणे - 411 007, महाराष्ट्र, भारत

केंद्र
प्रबंध शिक्षण

वैकुंठ मेहता राष्ट्रीय सहकारी प्रबंध संस्थान का प्रबंध शिक्षण केन्द्र द्विवार्षिक, पूर्ण कालिक व्यवसाय प्रबंधन में स्नातकोत्तर पत्रोपाधि पदविका (पीजीडीबीएम) पाठयक्रम का आयोजन वर्ष 1993 से कर रहा है । केन्द्र युवक छात्र - छात्राओं को जो विभिन्न शैक्षणिक क्षेत्रों से आते हैं उन्हें कोशल प्रदान कर कल का सक्षम व्यावसायिक बनाता है। छात्र यहॉ सामाजिक -सांस्कृतिक प्रणाली की समझ के साथ तकनीकि कौशल के एक साथ प्रयोग करते हुए अपने क्षेत्र में नेतृत्वकर्ता के रुप में उभरते हैं और समाज के सभी क्षेत्रों मे प्रबंध के माध्यम से महत्वपूर्ण योगदान प्रदान करते हैं । कृषि के क्षेत्र में व्यावसायिक प्रबंधन की लगातार बढ़ती जरुरतों को ध्यान में रखते हुए, (पीजीडीबीएम) पाठयक्रम के ढ़ॉचे विशेषज्ञता सहित पुर्नरचना की गई है जैसे - कृषि व्यवसाय प्रबंधन (एबीएम) इस पुर्नरचना वाले पाठयक्रमों की प्रक्रिया से गुजरते हुए छात्रों को निम्नलिखित योग्यता प्राप्त होती है :

  • उपयुक्तता के विभिन्न विशेष क्षेत्र में आवश्यक संकल्पनात्मक आधार विकसित करना ।
  • अत्याधुनिक उपायों तथा तकनीकि के प्रयोग के लिए उपयुक्त कौशल प्रदान करना ।
  • कृषि व्यवसाय के परिपेक्ष्य में उपयुक्त प्रबंधन तकनीकि के अनुप्रयोग के कौशल को विकसित करना ।

इस पीजीडीबीएम पाठयक्रम को अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) , भारत सरकार की मान्यता प्राप्त है एवं इस पाठयक्रम को एसोसिएशन ऑफ इंडियन युनिवर्सिटी ने एमबीए डिग्री के समकक्ष की मान्यता प्रदान की है ।

इस पाठयक्रम के दो आयाम हैं-कक्षा तथा संगठनात्मक प्रशिक्षण । इनमें से सर्व प्रथम कक्षा में संकल्पना, कौशल तथा ज्ञान प्रदान किया जाता है जबकि दूसरे चरण में संगठनों को समझने की प्रत्यक्ष जानकारी दिलायी जाती है । छात्रों के कार्य कुशलता का मूल्यांकन यह लगातार प्रक्रिया है जिसमें शीघ्र तथा नियमित सुधार का अवसर प्रदान किया जाता है ।